पंचांग 2027

दिन का पंचांग · विक्रम संवत 2084 · ज्येष्ठ

30 मई 2027 का पंचांग

रविवार · ज्येष्ठ कृष्ण नवमी

30 मई 2027, रविवार को ज्येष्ठ कृष्ण नवमी है, सुबह 9:35 तक; उसके बाद दशमी। नक्षत्र पूर्वा भाद्रपद है, सुबह 11:32 तक। सूर्योदय सुबह 5:24 और सूर्यास्त शाम 7:13। राहु काल शाम 5:30 से शाम 7:13 तक है। समय नई दिल्ली के हैं।

त्योहार

इस दिन कोई बड़ा त्योहार नहीं

अगला त्योहार: हनुमान जयंती, 31 मई 2027, सोमवार।

पंचांग

30 मई 2027 का पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग, करण

तिथि
ज्येष्ठ कृष्ण नवमीसुबह 9:35 तक, फिर दशमी
नक्षत्र
पूर्वा भाद्रपदसुबह 11:32 तक, फिर उत्तरा भाद्रपद
योग
प्रीति31 मई, रात 3:16 तक, फिर आयुष्मान
करण
गरसुबह 9:35 तक
वार
रविवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष
महीना
ज्येष्ठ (पूर्णिमांत)वैशाख (अमांत, गुजरात, महाराष्ट्र और दक्षिण में)
संवत
विक्रम संवत 2084
चंद्र राशि
मीनसूर्योदय के समय
सूर्य राशि
वृषभ
सूर्योदय
सुबह 5:24
सूर्यास्त
शाम 7:13
चंद्रोदय
रात 1:20
चंद्रास्त
दोपहर 1:46

मुहूर्त

इस दिन के शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त
रात 3:48 से सुबह 4:36 तकसूर्योदय से पहले के 96 से 48 मिनट: ध्यान, पाठ और पढ़ाई का समय।
अभिजित मुहूर्त
सुबह 11:51 से दोपहर 12:46 तकदिन के ठीक बीच का मुहूर्त, नए काम के लिए अच्छा माना जाता है।
विजय मुहूर्त
दोपहर 2:37 से दोपहर 3:32 तकदिन के पंद्रह हिस्सों में ग्यारहवाँ।

इस दिन कब न शुरू करें

राहु काल
शाम 5:30 से शाम 7:13 तकइस समय नया काम शुरू नहीं करते।
यमगंड
दोपहर 12:19 से दोपहर 2:02 तकइसे भी शुभ काम के लिए टालते हैं।
गुलिक काल
दोपहर 3:46 से शाम 5:30 तकदक्षिण भारत में इसे भी देखते हैं।

सारे समय नई दिल्ली के हैं, सूर्य और चंद्रमा की असली चाल से निकाले गए। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का फ़र्क़ होगा। मई 2027 का पूरा महीना

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इस दिन की रामकथा

रंगनाथ रामायण

तेलुगु, द्विपद छंद · उनतालीस में से एक

तेलुगु की पहली पूरी रामायण, द्विपद छंद में, जिसे गाकर सुनाया जाता है। इसीलिए यह दरबार की नहीं, लोगों की कथा लगती है। इसमें कई लोक प्रसंग जुड़े हैं, जैसे पुल बनाने में मदद करने वाली गिलहरी, और आज भी चमड़े की कठपुतलियों वाले नाटक इसके द्विपद गाते हैं।

यह कथा पढ़िए · सारी उनतालीस रामकथाएँ

सवाल जवाब

पूछे जाने वाले सवाल

30 मई 2027 को कौन सी तिथि है?

30 मई 2027, रविवार को ज्येष्ठ कृष्ण नवमी है, सुबह 9:35 तक। उसके बाद दशमी लगती है।

30 मई 2027 को राहु काल कब है?

नई दिल्ली में 30 मई 2027 को राहु काल शाम 5:30 से शाम 7:13 तक है। यमगंड दोपहर 12:19 से दोपहर 2:02 तक और गुलिक काल दोपहर 3:46 से शाम 5:30 तक है।

30 मई 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र, सुबह 11:32 तक, फिर उत्तरा भाद्रपद।

30 मई 2027 के बाद अगला त्योहार कब है?

हनुमान जयंती, 31 मई 2027, सोमवार को।