पंचांग 2027

दिन का पंचांग · विक्रम संवत 2083 · फाल्गुन

27 फ़रवरी 2027 का पंचांग

शनिवार · फाल्गुन कृष्ण सप्तमी

27 फ़रवरी 2027, शनिवार को फाल्गुन कृष्ण सप्तमी है, रात 9:55 तक; उसके बाद अष्टमी। नक्षत्र विशाखा है, सुबह 11:40 तक। सूर्योदय सुबह 6:49 और सूर्यास्त शाम 6:19। राहु काल सुबह 9:41 से सुबह 11:08 तक है। इस दिन शबरी जयंती, कालाष्टमी है। समय नई दिल्ली के हैं।

पंचांग

27 फ़रवरी 2027 का पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग, करण

तिथि
फाल्गुन कृष्ण सप्तमीरात 9:55 तक, फिर अष्टमी
नक्षत्र
विशाखासुबह 11:40 तक, फिर अनुराधा
योग
व्याघातरात 10:09 तक, फिर हर्षण
करण
विष्टि (भद्रा)सुबह 9:14 तक
वार
शनिवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष
महीना
फाल्गुन (पूर्णिमांत)माघ (अमांत, गुजरात, महाराष्ट्र और दक्षिण में)
संवत
विक्रम संवत 2083
चंद्र राशि
वृश्चिकसूर्योदय के समय
सूर्य राशि
कुंभ
सूर्योदय
सुबह 6:49
सूर्यास्त
शाम 6:19
चंद्रोदय
रात 12:01
चंद्रास्त
सुबह 10:29

मुहूर्त

इस दिन के शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त
सुबह 5:13 से सुबह 6:01 तकसूर्योदय से पहले के 96 से 48 मिनट: ध्यान, पाठ और पढ़ाई का समय।
अभिजित मुहूर्त
दोपहर 12:11 से दोपहर 12:57 तकदिन के ठीक बीच का मुहूर्त, नए काम के लिए अच्छा माना जाता है।
विजय मुहूर्त
दोपहर 2:29 से दोपहर 3:15 तकदिन के पंद्रह हिस्सों में ग्यारहवाँ।

इस दिन कब न शुरू करें

राहु काल
सुबह 9:41 से सुबह 11:08 तकइस समय नया काम शुरू नहीं करते।
यमगंड
दोपहर 2:00 से दोपहर 3:27 तकइसे भी शुभ काम के लिए टालते हैं।
गुलिक काल
सुबह 6:49 से सुबह 8:15 तकदक्षिण भारत में इसे भी देखते हैं।

सारे समय नई दिल्ली के हैं, सूर्य और चंद्रमा की असली चाल से निकाले गए। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का फ़र्क़ होगा। फ़रवरी 2027 का पूरा महीना

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इस दिन की रामकथा

भानुभक्त रामायण

नेपाली · उनतालीस में से एक

नेपाल की पहली बड़ी रामकथा, जिसे भानुभक्त आचार्य ने उन्नीसवीं सदी में नेपाली में रचा। उस समय धर्म की बात संस्कृत में ही लिखी जाती थी, और यही इसका सबसे बड़ा क़दम है, क्योंकि इससे कथा आम लोगों की ज़बान में आ गई। पहले यह ज़बानी फैली, और पूरी छपी 1887 में, कवि के जाने के बाद। नेपाल में उन्हें आदिकवि कहा जाता है।

यह कथा पढ़िए · सारी उनतालीस रामकथाएँ

सवाल जवाब

पूछे जाने वाले सवाल

27 फ़रवरी 2027 को कौन सी तिथि है?

27 फ़रवरी 2027, शनिवार को फाल्गुन कृष्ण सप्तमी है, रात 9:55 तक। उसके बाद अष्टमी लगती है।

27 फ़रवरी 2027 को राहु काल कब है?

नई दिल्ली में 27 फ़रवरी 2027 को राहु काल सुबह 9:41 से सुबह 11:08 तक है। यमगंड दोपहर 2:00 से दोपहर 3:27 तक और गुलिक काल सुबह 6:49 से सुबह 8:15 तक है।

27 फ़रवरी 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

विशाखा नक्षत्र, सुबह 11:40 तक, फिर अनुराधा।

27 फ़रवरी 2027 को कौन सा त्योहार या व्रत है?

27 फ़रवरी 2027 को शबरी जयंती, कालाष्टमी है।