पंचांग 2027

दिन का पंचांग · विक्रम संवत 2084 · आषाढ़

3 जुलाई 2027 का पंचांग

शनिवार · आषाढ़ कृष्ण चतुर्दशी

3 जुलाई 2027, शनिवार को आषाढ़ कृष्ण चतुर्दशी है, दोपहर 12:06 तक; उसके बाद अमावस्या। नक्षत्र मृगशिरा है, दोपहर 2:56 तक। सूर्योदय सुबह 5:28 और सूर्यास्त शाम 7:23। राहु काल सुबह 8:56 से सुबह 10:41 तक है। समय नई दिल्ली के हैं।

त्योहार

इस दिन कोई बड़ा त्योहार नहीं

अगला त्योहार: रथ यात्रा, 5 जुलाई 2027, सोमवार।

पंचांग

3 जुलाई 2027 का पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग, करण

तिथि
आषाढ़ कृष्ण चतुर्दशीदोपहर 12:06 तक, फिर अमावस्या
नक्षत्र
मृगशिरादोपहर 2:56 तक, फिर आर्द्रा
योग
वृद्धिशाम 7:25 तक, फिर ध्रुव
करण
शकुनिदोपहर 12:06 तक
वार
शनिवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष
महीना
आषाढ़ (पूर्णिमांत)ज्येष्ठ (अमांत, गुजरात, महाराष्ट्र और दक्षिण में)
संवत
विक्रम संवत 2084
चंद्र राशि
मिथुनसूर्योदय के समय
सूर्य राशि
मिथुन
सूर्योदय
सुबह 5:28
सूर्यास्त
शाम 7:23
चंद्रोदय
सुबह 4:08
चंद्रास्त
शाम 6:53

मुहूर्त

इस दिन के शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त
रात 3:52 से सुबह 4:40 तकसूर्योदय से पहले के 96 से 48 मिनट: ध्यान, पाठ और पढ़ाई का समय।
अभिजित मुहूर्त
सुबह 11:57 से दोपहर 12:53 तकदिन के ठीक बीच का मुहूर्त, नए काम के लिए अच्छा माना जाता है।
विजय मुहूर्त
दोपहर 2:45 से दोपहर 3:40 तकदिन के पंद्रह हिस्सों में ग्यारहवाँ।

इस दिन कब न शुरू करें

राहु काल
सुबह 8:56 से सुबह 10:41 तकइस समय नया काम शुरू नहीं करते।
यमगंड
दोपहर 2:10 से दोपहर 3:54 तकइसे भी शुभ काम के लिए टालते हैं।
गुलिक काल
सुबह 5:28 से सुबह 7:12 तकदक्षिण भारत में इसे भी देखते हैं।

सारे समय नई दिल्ली के हैं, सूर्य और चंद्रमा की असली चाल से निकाले गए। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का फ़र्क़ होगा। जुलाई 2027 का पूरा महीना

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इस दिन की रामकथा

कूर्म पुराण और ब्रह्मवैवर्त पुराण

संस्कृत · उनतालीस में से एक

छाया वाली सीता की कथा का पुराना स्रोत। रावण के आने पर अग्नि असली सीता को अपने पास रख लेते हैं, और रावण उनकी छाया ले जाता है। ब्रह्मवैवर्त पुराण में यही छाया आगे वेदवती से जुड़ती है। यह विचार अध्यात्म रामायण और मानस तक पहुँचा।

यह कथा पढ़िए · सारी उनतालीस रामकथाएँ

सवाल जवाब

पूछे जाने वाले सवाल

3 जुलाई 2027 को कौन सी तिथि है?

3 जुलाई 2027, शनिवार को आषाढ़ कृष्ण चतुर्दशी है, दोपहर 12:06 तक। उसके बाद अमावस्या लगती है।

3 जुलाई 2027 को राहु काल कब है?

नई दिल्ली में 3 जुलाई 2027 को राहु काल सुबह 8:56 से सुबह 10:41 तक है। यमगंड दोपहर 2:10 से दोपहर 3:54 तक और गुलिक काल सुबह 5:28 से सुबह 7:12 तक है।

3 जुलाई 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

मृगशिरा नक्षत्र, दोपहर 2:56 तक, फिर आर्द्रा।

3 जुलाई 2027 के बाद अगला त्योहार कब है?

रथ यात्रा, 5 जुलाई 2027, सोमवार को।