आज · दिन का पंचांग · विक्रम संवत 2083 · माघ
31 जनवरी 2027 का पंचांग
रविवार · माघ कृष्ण दशमी
31 जनवरी 2027, रविवार को माघ कृष्ण दशमी है, 1 फ़रवरी, सुबह 8:42 तक; उसके बाद एकादशी। नक्षत्र अनुराधा है, 1 फ़रवरी, सुबह 6:28 तक। सूर्योदय सुबह 7:10 और सूर्यास्त शाम 5:59। राहु काल शाम 4:38 से शाम 5:59 तक है। समय नई दिल्ली के हैं।
पंचांग
31 जनवरी 2027 का पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग, करण
- तिथि
- माघ कृष्ण दशमी1 फ़रवरी, सुबह 8:42 तक, फिर एकादशी
- नक्षत्र
- अनुराधा1 फ़रवरी, सुबह 6:28 तक, फिर ज्येष्ठा
- योग
- वृद्धिशाम 4:19 तक, फिर ध्रुव
- करण
- वणिजरात 7:35 तक
- वार
- रविवार
- पक्ष
- कृष्ण पक्ष
- महीना
- माघ (पूर्णिमांत)पौष (अमांत, गुजरात, महाराष्ट्र और दक्षिण में)
- संवत
- विक्रम संवत 2083
- चंद्र राशि
- वृश्चिकसूर्योदय के समय
- सूर्य राशि
- मकर
- सूर्योदय
- सुबह 7:10
- सूर्यास्त
- शाम 5:59
- चंद्रोदय
- रात 2:12
- चंद्रास्त
- दोपहर 12:34
मुहूर्त
इस दिन के शुभ मुहूर्त
- ब्रह्म मुहूर्त
- सुबह 5:34 से सुबह 6:22 तकसूर्योदय से पहले के 96 से 48 मिनट: ध्यान, पाठ और पढ़ाई का समय।
- अभिजित मुहूर्त
- दोपहर 12:13 से दोपहर 12:56 तकदिन के ठीक बीच का मुहूर्त, नए काम के लिए अच्छा माना जाता है।
- विजय मुहूर्त
- दोपहर 2:23 से दोपहर 3:06 तकदिन के पंद्रह हिस्सों में ग्यारहवाँ।
इस दिन कब न शुरू करें
- राहु काल
- शाम 4:38 से शाम 5:59 तकइस समय नया काम शुरू नहीं करते।
- यमगंड
- दोपहर 12:35 से दोपहर 1:56 तकइसे भी शुभ काम के लिए टालते हैं।
- गुलिक काल
- दोपहर 3:17 से शाम 4:38 तकदक्षिण भारत में इसे भी देखते हैं।
सारे समय नई दिल्ली के हैं, सूर्य और चंद्रमा की असली चाल से निकाले गए। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का फ़र्क़ होगा। जनवरी 2027 का पूरा महीना
मुफ़्त · Manu Vishranti Calendar
कोई व्रत, कोई त्योहार अब छूटेगा नहीं
आज से दिसंबर 2027 तक के 334 त्योहार और व्रत, तिथि और मुहूर्त के साथ, सीधे आपके फ़ोन के कैलेंडर में। हर त्योहार के साथ उसका शुभकामना कार्ड भी, अपनों को WhatsApp पर भेजने के लिए। एक बार दबाइए, बस।
फ़ोन पर Google का पन्ना ठीक से न खुले, तो यही बटन कंप्यूटर पर दबाइए। जुड़ते ही यह फ़ोन में भी दिखेगा।
जोड़ते समय “Remove Alerts” बंद कर दें (टिक हटा दें), तो बड़े त्योहारों की सुबह 7 बजे याद भी आएगी कि अपनों को कार्ड भेजना है।
- मुफ़्त
- कोई साइन अप नहीं
- नाम, नंबर या ईमेल नहीं
- जब चाहें हटा दें
दूसरा कैलेंडर: iPhone या Mac · Google · Outlook · फ़ाइल
इस दिन की रामकथा
आनंद रामायण
संस्कृत · उनतालीस में से एक
नौ कांडों का ग्रंथ, जिसमें पूरी वाल्मीकि कथा पहले ही कांड में सिमट जाती है, और बाक़ी आठ कांड नई कथाओं के हैं। इसमें ऐसे कई प्रसंग जुड़े हैं जो पुराने पाठों में नहीं मिलते। इसका रामरक्षा स्तोत्र आज भी रोज़ पढ़ा जाता है।