पंचांग 2027

दिन का पंचांग · विक्रम संवत 2083 · फाल्गुन

11 मार्च 2027 का पंचांग

गुरुवार · फाल्गुन शुक्ल तृतीया

11 मार्च 2027, गुरुवार को फाल्गुन शुक्ल तृतीया है, दोपहर 3:38 तक; उसके बाद चतुर्थी। नक्षत्र रेवती है, सुबह 11:20 तक। सूर्योदय सुबह 6:36 और सूर्यास्त शाम 6:27। राहु काल दोपहर 2:00 से दोपहर 3:29 तक है। समय नई दिल्ली के हैं।

त्योहार

इस दिन कोई बड़ा त्योहार नहीं

अगला त्योहार: होलिका दहन, 22 मार्च 2027, सोमवार।

पंचांग

11 मार्च 2027 का पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग, करण

तिथि
फाल्गुन शुक्ल तृतीयादोपहर 3:38 तक, फिर चतुर्थी
नक्षत्र
रेवतीसुबह 11:20 तक, फिर अश्विनी
योग
ब्रह्मरात 11:22 तक, फिर ऐंद्र
करण
गरदोपहर 3:38 तक
वार
गुरुवार
पक्ष
शुक्ल पक्ष
महीना
फाल्गुन (पूर्णिमांत)अमांत गिनती में भी यही
संवत
विक्रम संवत 2083
चंद्र राशि
मीनसूर्योदय के समय
सूर्य राशि
कुंभ
सूर्योदय
सुबह 6:36
सूर्यास्त
शाम 6:27
चंद्रोदय
सुबह 7:54
चंद्रास्त
रात 9:24

मुहूर्त

इस दिन के शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त
सुबह 5:00 से सुबह 5:48 तकसूर्योदय से पहले के 96 से 48 मिनट: ध्यान, पाठ और पढ़ाई का समय।
अभिजित मुहूर्त
दोपहर 12:08 से दोपहर 12:55 तकदिन के ठीक बीच का मुहूर्त, नए काम के लिए अच्छा माना जाता है।
विजय मुहूर्त
दोपहर 2:30 से दोपहर 3:17 तकदिन के पंद्रह हिस्सों में ग्यारहवाँ।

इस दिन कब न शुरू करें

राहु काल
दोपहर 2:00 से दोपहर 3:29 तकइस समय नया काम शुरू नहीं करते।
यमगंड
सुबह 6:36 से सुबह 8:05 तकइसे भी शुभ काम के लिए टालते हैं।
गुलिक काल
सुबह 9:34 से सुबह 11:03 तकदक्षिण भारत में इसे भी देखते हैं।

सारे समय नई दिल्ली के हैं, सूर्य और चंद्रमा की असली चाल से निकाले गए। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का फ़र्क़ होगा। मार्च 2027 का पूरा महीना

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इस दिन की रामकथा

आनंद रामायण

संस्कृत · उनतालीस में से एक

नौ कांडों का ग्रंथ, जिसमें पूरी वाल्मीकि कथा पहले ही कांड में सिमट जाती है, और बाक़ी आठ कांड नई कथाओं के हैं। इसमें ऐसे कई प्रसंग जुड़े हैं जो पुराने पाठों में नहीं मिलते। इसका रामरक्षा स्तोत्र आज भी रोज़ पढ़ा जाता है।

यह कथा पढ़िए · सारी उनतालीस रामकथाएँ

सवाल जवाब

पूछे जाने वाले सवाल

11 मार्च 2027 को कौन सी तिथि है?

11 मार्च 2027, गुरुवार को फाल्गुन शुक्ल तृतीया है, दोपहर 3:38 तक। उसके बाद चतुर्थी लगती है।

11 मार्च 2027 को राहु काल कब है?

नई दिल्ली में 11 मार्च 2027 को राहु काल दोपहर 2:00 से दोपहर 3:29 तक है। यमगंड सुबह 6:36 से सुबह 8:05 तक और गुलिक काल सुबह 9:34 से सुबह 11:03 तक है।

11 मार्च 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

रेवती नक्षत्र, सुबह 11:20 तक, फिर अश्विनी।

11 मार्च 2027 के बाद अगला त्योहार कब है?

होलिका दहन, 22 मार्च 2027, सोमवार को।