पंचांग 2027

दिन का पंचांग · विक्रम संवत 2083 · माघ

25 जनवरी 2027 का पंचांग

सोमवार · माघ कृष्ण तृतीया

25 जनवरी 2027, सोमवार को माघ कृष्ण तृतीया है, सुबह 8:11 तक; उसके बाद चतुर्थी। नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनी है, 26 जनवरी, रात 1:03 तक। सूर्योदय सुबह 7:13 और सूर्यास्त शाम 5:54। राहु काल सुबह 8:33 से सुबह 9:53 तक है। इस दिन सकट चौथ है। समय नई दिल्ली के हैं।

त्योहार

इस दिन के त्योहार और व्रत

पंचांग

25 जनवरी 2027 का पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग, करण

तिथि
माघ कृष्ण तृतीयासुबह 8:11 तक, फिर चतुर्थी
नक्षत्र
पूर्वा फाल्गुनी26 जनवरी, रात 1:03 तक, फिर उत्तरा फाल्गुनी
योग
शोभनरात 10:54 तक, फिर अतिगंड
करण
विष्टि (भद्रा)सुबह 8:11 तक
वार
सोमवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष
महीना
माघ (पूर्णिमांत)पौष (अमांत, गुजरात, महाराष्ट्र और दक्षिण में)
संवत
विक्रम संवत 2083
चंद्र राशि
सिंहसूर्योदय के समय
सूर्य राशि
मकर
सूर्योदय
सुबह 7:13
सूर्यास्त
शाम 5:54
चंद्रोदय
रात 9:12
चंद्रास्त
सुबह 9:04

मुहूर्त

इस दिन के शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त
सुबह 5:37 से सुबह 6:25 तकसूर्योदय से पहले के 96 से 48 मिनट: ध्यान, पाठ और पढ़ाई का समय।
अभिजित मुहूर्त
दोपहर 12:12 से दोपहर 12:55 तकदिन के ठीक बीच का मुहूर्त, नए काम के लिए अच्छा माना जाता है।
विजय मुहूर्त
दोपहर 2:20 से दोपहर 3:03 तकदिन के पंद्रह हिस्सों में ग्यारहवाँ।

इस दिन कब न शुरू करें

राहु काल
सुबह 8:33 से सुबह 9:53 तकइस समय नया काम शुरू नहीं करते।
यमगंड
सुबह 11:13 से दोपहर 12:33 तकइसे भी शुभ काम के लिए टालते हैं।
गुलिक काल
दोपहर 1:54 से दोपहर 3:14 तकदक्षिण भारत में इसे भी देखते हैं।

सारे समय नई दिल्ली के हैं, सूर्य और चंद्रमा की असली चाल से निकाले गए। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का फ़र्क़ होगा। जनवरी 2027 का पूरा महीना

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इस दिन की रामकथा

रामकियेन

थाई · उनतालीस में से एक

थाईलैंड की राष्ट्रीय रामकथा, जिसे आज के रूप में अठारहवीं सदी में राजा राम प्रथम के दरबार ने पूरा किया। नाम बदल जाते हैं: राम यहाँ फ्रा राम हैं, सीता नांग सीदा, रावण थोतसकान, और विभीषण फिपेक। हनुमान यहाँ सफ़ेद वानर हैं और ब्रह्मचारी नहीं। यह कथा पढ़ी कम, नाची और खेली ज़्यादा जाती है, खोन नृत्य और छाया नाटक में।

यह कथा पढ़िए · सारी उनतालीस रामकथाएँ

सवाल जवाब

पूछे जाने वाले सवाल

25 जनवरी 2027 को कौन सी तिथि है?

25 जनवरी 2027, सोमवार को माघ कृष्ण तृतीया है, सुबह 8:11 तक। उसके बाद चतुर्थी लगती है।

25 जनवरी 2027 को राहु काल कब है?

नई दिल्ली में 25 जनवरी 2027 को राहु काल सुबह 8:33 से सुबह 9:53 तक है। यमगंड सुबह 11:13 से दोपहर 12:33 तक और गुलिक काल दोपहर 1:54 से दोपहर 3:14 तक है।

25 जनवरी 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र, 26 जनवरी, रात 1:03 तक, फिर उत्तरा फाल्गुनी।

25 जनवरी 2027 को कौन सा त्योहार या व्रत है?

25 जनवरी 2027 को सकट चौथ है।