पंचांग 2026

दिन का पंचांग · विक्रम संवत 2083 · पौष

30 दिसंबर 2026 का पंचांग

बुधवार · पौष कृष्ण सप्तमी

30 दिसंबर 2026, बुधवार को पौष कृष्ण सप्तमी है, दोपहर 12:37 तक; उसके बाद अष्टमी। नक्षत्र उत्तरा फाल्गुनी है, दोपहर 3:37 तक। सूर्योदय सुबह 7:13 और सूर्यास्त शाम 5:34। राहु काल दोपहर 12:24 से दोपहर 1:41 तक है। इस दिन कालाष्टमी है। समय नई दिल्ली के हैं।

त्योहार

इस दिन के त्योहार और व्रत

पंचांग

30 दिसंबर 2026 का पंचांग: तिथि, नक्षत्र, योग, करण

तिथि
पौष कृष्ण सप्तमीदोपहर 12:37 तक, फिर अष्टमी
नक्षत्र
उत्तरा फाल्गुनीदोपहर 3:37 तक, फिर हस्त
योग
सौभाग्यदोपहर 1:42 तक, फिर शोभन
करण
बवदोपहर 12:37 तक
वार
बुधवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष
महीना
पौष (पूर्णिमांत)मार्गशीर्ष (अमांत, गुजरात, महाराष्ट्र और दक्षिण में)
संवत
विक्रम संवत 2083
चंद्र राशि
कन्यासूर्योदय के समय
सूर्य राशि
धनु
सूर्योदय
सुबह 7:13
सूर्यास्त
शाम 5:34
चंद्रोदय
इस दिन नहीं
चंद्रास्त
सुबह 11:39

मुहूर्त

इस दिन के शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त
सुबह 5:37 से सुबह 6:25 तकसूर्योदय से पहले के 96 से 48 मिनट: ध्यान, पाठ और पढ़ाई का समय।
अभिजित मुहूर्त
दोपहर 12:03 से दोपहर 12:44 तकदिन के ठीक बीच का मुहूर्त, नए काम के लिए अच्छा माना जाता है। बुधवार को इसे नहीं लेते।
विजय मुहूर्त
दोपहर 2:07 से दोपहर 2:48 तकदिन के पंद्रह हिस्सों में ग्यारहवाँ।

इस दिन कब न शुरू करें

राहु काल
दोपहर 12:24 से दोपहर 1:41 तकइस समय नया काम शुरू नहीं करते।
यमगंड
सुबह 8:31 से सुबह 9:48 तकइसे भी शुभ काम के लिए टालते हैं।
गुलिक काल
सुबह 11:06 से दोपहर 12:24 तकदक्षिण भारत में इसे भी देखते हैं।

सारे समय नई दिल्ली के हैं, सूर्य और चंद्रमा की असली चाल से निकाले गए। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का फ़र्क़ होगा। दिसंबर 2026 का पूरा महीना

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इस दिन की रामकथा

तोरवे रामायण

कन्नड़ · उनतालीस में से एक

कन्नड़ की पहली वैष्णव रामकथा, भामिनी षट्पदी छंद में, जिसे गाकर पढ़ा जाता है। इसके कवि नरहरि को कुमार वाल्मीकि कहा जाता है। कथा शिव पार्वती को सुनाते हैं, और यह मोटे तौर पर वाल्मीकि के साथ चलती है।

यह कथा पढ़िए · सारी उनतालीस रामकथाएँ

सवाल जवाब

पूछे जाने वाले सवाल

30 दिसंबर 2026 को कौन सी तिथि है?

30 दिसंबर 2026, बुधवार को पौष कृष्ण सप्तमी है, दोपहर 12:37 तक। उसके बाद अष्टमी लगती है।

30 दिसंबर 2026 को राहु काल कब है?

नई दिल्ली में 30 दिसंबर 2026 को राहु काल दोपहर 12:24 से दोपहर 1:41 तक है। यमगंड सुबह 8:31 से सुबह 9:48 तक और गुलिक काल सुबह 11:06 से दोपहर 12:24 तक है।

30 दिसंबर 2026 को कौन सा नक्षत्र है?

उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र, दोपहर 3:37 तक, फिर हस्त।

30 दिसंबर 2026 को कौन सा त्योहार या व्रत है?

30 दिसंबर 2026 को कालाष्टमी है।