पंचांग 2027

सुंदरकांड, 39 रामकथाओं में · भारत में

गिरधर रामायण

Giridhar Ramayan

  • भाषा गुजराती
  • किसकी गिरधर
  • कब सन 1835
  • कहाँ गुजरात

यह कथा

गुजराती की वह रामकथा जिसे गिरधर ने सन 1835 में पूरा किया। उन्होंने कथा मुख्य रूप से वाल्मीकि और हनुमन्नाटक से ली, और उसे सीधी सादी भाषा में लिखा। सबसे बड़ी बात इसका संगीत है: यह कई रागों और छंदों में बँधी है, जैसे धनाश्री, बिलावल, मारू, सोरठ और आसावरी, इसलिए इसे पढ़ा कम और गाया ज़्यादा जाता है।

एक नज़र में

गिरधर रामायण, अपनी लिपि में

ગિરધર રામાયણ

लिपि
गुजराती लिपि
रूप
आख्यान के ढंग की लंबी रामकथा, लगभग 10,000 पद, कई रागों और छंदों में
समय
सन 1835 में पूरा हुआ

इस कथा की लंका

  • कथा मुख्य रूप से वाल्मीकि और हनुमन्नाटक से ली गई।
  • धनाश्री, बिलावल, मारू, सोरठ, आसावरी जैसे रागों में बँधी है, यानी गाने के लिए बनी।
  • इसके सुंदरकांड के ब्योरे पर कोई छपा अध्ययन नहीं मिला।

आज: गुजरात में लोकप्रिय।

स्रोत:

  1. en.wikipedia.org
  2. rekhtagujarati.org
  3. hindu-blog.com

सुंदरकांड के पल, इस कथा में

खेल में लंका की किसी जगह पर पहुँचकर वही पल दूसरी रामकथाओं में भी पढ़ा जा सकता है। यह कथा उन पलों को ऐसे कहती है।

सुग्रीव का महल

तीसरा हिस्सा: ख़बर

ख़बर सुनते ही किष्किंधा में सब उठ खड़े होते हैं, और एक दूसरे से वही बात दोहराते हैं।

कोई दौड़कर आगे जाता है, कोई हाथ उठाकर पुकारता है, और शोर बढ़ता जाता है।

कोई पेड़ पर चढ़कर दूर तक देखता है, और वहीं से चिल्लाकर बताता है।

बूढ़े भी उठकर खड़े हो जाते हैं, और बच्चे बीच में दौड़ते फिरते हैं।

गिरधर इसे गाकर कहते हैं, इसलिए धुन बदलते ही सुनने वाला समझ जाता है कि ख़ुशी की बात आ रही है।

गिरधर रामायण, 1835

इस कथा के 1 और पल खेल के भीतर पढ़े जा सकते हैं: वाटिका का कोना।

इस कथा से खेल के पत्ते

खेल में ये पत्ते इसी कथा से खुलते हैं। हर पत्ते में एक ऐसी बात है जो बहुत कम लोगों ने सुनी है।

  • वाल्मीकि और हनुमन्नाटक से
  • सीधी भाषा, घर घर तक
  • गाँव के हिसाबी से कवि तक
  • ख़बर सुर से पहुँचती है
  • रागों में बँधी कथा

खेल में ढूँढो

उपन्यास

यह कथा उनतालीस लंकाओं में से एक है। इन्हीं लंकाओं पर मनु विश्रांति की उपन्यास गाथा बनी है: उनतालीस लंकाएँ।

सवाल जवाब

पूछे जाने वाले सवाल

गिरधर रामायण किस भाषा में है?

गुजराती।

गिरधर रामायण किसकी रचना है?

गिरधर।

गिरधर रामायण कहाँ की है?

गुजरात।

गिरधर रामायण कब की है?

सन 1835।